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सिटिंग सीट पर भी नहीं जीत पाईं फात्मा बेगम
ब्यूरो/अमर उजाला अमरोहा
Updated Wed, 05 Oct 2016 02:00 AM IST
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- फोटो : amar ujala
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अमरोहा। कोशिशों के बाद भी फात्मा बेगम सिटिंग सीट पर चुनावी वैतरणी पार नहीं कर पाईं। पति महमूद अली ने भतीजे परवेज अली के एमएलसी बनने पर खाली हुए जिला पंचायत सदस्य पद पर काबिज होने के लिए पत्नी को चुनावी मैदान में उतारा था, लेकिन किस्मत ने उनका साथ नहीं दिया। इससे पहले भी वह जिपंस का चुनाव हार चुकी हैं।
जनपद के वार्ड नंबर 26 से कैबिनेट मंत्री महबूब अली के बेटे परवेज अली जिला पंचायत सदस्य पद पर काबिज थे, लेकिन कुछ दिन बाद ही उन्होंने एमएलसी चुनाव लड़ा और विजय हासिल की। इसके बाद उनकी जिपंस की सीट खाली हो गई थी। उप चुनाव में कैबिनेट मंत्री के भाई ने सिटिंग सीट से अपनी पत्नी फात्मा बेगम को चुनाव लड़ाकर खाली सीट पर आसीन होने का निर्णय लिया। जी, जान से पूरे परिवार ने उनको चुनाव लड़ाया, लेकिन वोटरों ने हवा संग अपना रुख कर लिया, जिसकी वजह से उनको शिकस्त का सामना करना पड़ा।
यहां बता दें कि अक्टूबर 2015 में प्रदेश भर में जिला पंचायत सदस्य पद के लिए चुनाव हुए थे, जिसमें कैबिनेट मंत्री के भाई महमूद अली उर्फ भूरा ने वार्ड नंबर 6 से अपनी पत्नी फात्मा बेगम व वार्ड नंबर 25 से बेटे नवाजिश अली को मैदान में उतारा था, किंतु दोनों ही वार्डों में उनको हार का सामना करना पड़ा था। इस बार सिटिंग सीट पर पत्नी को चुनाव लड़ाया, मगर नाकामयाबी ही हाथ लगी।
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यहां बता दें कि अक्टूबर 2015 में प्रदेश भर में जिला पंचायत सदस्य पद के लिए चुनाव हुए थे, जिसमें कैबिनेट मंत्री के भाई महमूद अली उर्फ भूरा ने वार्ड नंबर 6 से अपनी पत्नी फात्मा बेगम व वार्ड नंबर 25 से बेटे नवाजिश अली को मैदान में उतारा था, किंतु दोनों ही वार्डों में उनको हार का सामना करना पड़ा था। इस बार सिटिंग सीट पर पत्नी को चुनाव लड़ाया, मगर नाकामयाबी ही हाथ लगी।