Meerut: कबाड़ में लगी आग से फैला जहरीला धुआं, गांव में मचा हड़कंप, फैक्टरी के बाहर धरने पर बैठे ग्रामीण
मेरठ के परतापुर क्षेत्र में कबाड़ और रुई के ढेर में आग लगने से जहरीला धुआं गांव तक पहुंच गया। इससे नाराज ग्रामीणों ने औद्योगिक क्षेत्र में पहुंचकर प्रदर्शन किया और फैक्टरी संचालकों पर कार्रवाई की मांग की।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मेरठ के परतापुर क्षेत्र में अच्छीरोंडा-बहादुरपुर मार्ग स्थित एक खाली भूखंड में पड़े कबाड़, स्क्रैब और रुई के ढेर में आग लगने से आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। आग से उठे जहरीले धुएं ने ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दीं। धुआं गांव तक पहुंचने पर लोगों को सांस लेने में परेशानी होने लगी, जिसके बाद ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
गांव तक पहुंचा जहरीला धुआं
स्थानीय लोगों के अनुसार खाली भूखंड में काफी मात्रा में औद्योगिक कचरा, कबाड़ और रुई का ढेर पड़ा हुआ था। अचानक उसमें आग लग गई, जिससे घना और जहरीला धुआं निकलने लगा। हवा के साथ धुआं गांव की ओर पहुंचा तो लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने में दिक्कत का सामना करना पड़ा। कई परिवार घरों से बाहर निकल आए।
यह भी पढ़ें: Meerut: गैंगस्टर उधम सिंह पर पुलिस ने घोषित किया एक लाख का इनाम, कई राज्यों में दबिश, तलाश तेज
फैक्टरी के बाहर धरने पर बैठे ग्रामीण
घटना से नाराज दर्जनों ग्रामीण औद्योगिक क्षेत्र में पहुंच गए और एक फैक्टरी के बाहर धरने पर बैठकर विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में अवैध रूप से फैक्ट्रियों का कचरा डाला जाता है और बाद में उसमें आग लगा दी जाती है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि इस तरह की घटनाएं पर्यावरण और लोगों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन रही हैं।
कार्रवाई की मांग, पुलिस ने कराया शांत
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझाकर शांत कराया। ग्रामीणों ने संबंधित फैक्टरी संचालकों और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ तो वे आगे भी आंदोलन जारी रखेंगे।
प्रदूषण और स्वास्थ्य को लेकर बढ़ी चिंता
घटना के बाद क्षेत्र में प्रदूषण और स्वास्थ्य संबंधी चिंताएं बढ़ गई हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से औद्योगिक कचरे के निस्तारण की व्यवस्था सुनिश्चित करने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।