Chatbot Service: वाराणसी में चैटबॉट सेवा पर चार महीने में 1405 शिकायतें; 242 निकली फर्जी
Varanasi News: वाराणसी समेत तीन मंडलों में चैटबॉट सेवा पर चार महीनों में 1405 शिकायतें दर्ज की गईं। इनमें 1078 मामलों में कार्रवाई की गई, जबकि जांच में 242 शिकायतें फर्जी पाई गईं। अधिकारियों के अनुसार डिजिटल शिकायत प्रणाली से लोगों को त्वरित समाधान मिल रहा है, लेकिन फर्जी शिकायतों की संख्या बढ़ना प्रशासन के लिए चुनौती बनता जा रहा है।
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Varanasi News: पुलिस सतर्क मित्र (चैटबॉट सेवा) से अवैध गतिविधियों और अनैतिक कार्य करने वालों पर हद तक लगाम लगा है। पुलिस भी चौकन्ना हुई और आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहने वालों को जेल तक पहुंचाया।
वाराणसी जोन के तीन मंडलों में चार महीने में 1405 शिकायतें दर्ज हुईं, 1078 शिकायतों में कार्रवाई की गई। 242 मामले में फर्जी पाए गए। चार महीने में आए 85 मामलों की जांच कराई जा रही है। सोनभद्र में सबसे कम शिकायतें पाई गईं तो जौनपुर में सबसे अधिक 264 शिकायतें मिलीं।
एडीजी जोन कार्यालय के अनुसार, 23 जनवरी से 24 मई तक आजमगढ़ में 317 शिकायतों में 295 शिकायतों को सुलझाया गया। 18 फर्जी तो चार केस की जांच जारी है। मऊ में सामने आए 111 मामलों में 83 सुलझ गए। 21 की जांच चल रही है। सात केस अस्वीकार कर दिए गए।
बलिया में 136 शिकायतें आईं। 115 मामले सुलझाए गए और सात शिकायत फर्जी पाए गए। मिर्जापुर में 104 शिकायतों में 60 सुलझे और 41 फर्जी मिले। 3 में जांच चल रही है। सोनभद्र में सबसे कम 46 शिकायतें प्राप्त हुईं। 25 सुलझ गए और 21 में जांच जारी है। भदोही के 76 शिकायतों में 45 का समाधान और 28 फर्जी मिली।
3 शिकायत पर पुलिस काम कर रही है। वाराणसी मंडल के जौनपुर में 264 शिकायतों में 205 का निस्तारण और 39 सूचनाएं फर्जी मिलीं। 20 पर काम जारी है। गाजीपुर में 229 शिकायतों में 54 फर्जी पाए गए। 162 मामलों में पुलिस ने कार्रवाई की और 11 केस पर काम चल रहा है।
चंदौली में 124 शिकायत पर 88 सुलझ गए। 34 सूचनाएं फर्जी निकलीं तो दो मामले में पुलिस काम कर रही है। व्हाट्सएप 7839860411 नंबर पर हैलो लिखकर चैटबॉट की शुरुआत कर सकते हैं। आप इस नंबर पर फोटो, वीडियो, ऑडियो या टेक्स्ट मैसेज से सबूत भेज सकते हैं। सूचना देने वाले का मोबाइल नंबर या कोई भी व्यक्तिगत जानकारी पुलिस के पास प्रदर्शित नहीं होती।
पुलिस सतर्क मित्र के तहत नागरिक बिना अपनी पहचान उजागर किए (पूरी तरह से गोपनीय तरीके से) व्हाट्सएप से आसपास हो रहे अपराधों की जानकारी सीधे पुलिस तक पहुंचा सकते हैं। सभी जिले की पुलिस लोगों को जागरूक कर रही है। - पीयूष मोर्डिया, एडीजी जोन, वाराणसी