वाराणसी में एसीएम के बेटे से दरोगा को पंगा लेना पड़ा भारी, कार के कागजात की जांच के आदेश
वाहन जांच के दौरान युवक ने अपने पिता के बरेली में अपर नगर मजिस्ट्रेट के पद पर तैनात होने की बात कहते हुए परिचय दिया और कागजात दिखाए तो नीली बत्ती का दुरुपयोग करने का आरोप लगाते हुए दरोगा ने उसकी पिटाई शुरू कर दी। बीचबचाव करने पहुंचे रिश्तेदार को भी पीटा और दोनों को सिंधोरा थाने ले गए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
वाराणसी के सिंधोरा थाने पर तैनात एक दरोगा को अपर नगर मजिस्ट्रेट (एसीएम) के बेटे से पंगा लेना महंगा पड़ गया। गाड़ी पर नीली बत्ती का दुरुपयोग करने के आरोप में एसीएम के बेटे को मारने-पीटने के मामले में तहसील में तलब दरोगा एसडीएम के सामने अपनी ही गाड़ी के कागजात नहीं दिखा सका। इस पर एसडीएम ने गाड़ी के कागजात की जांच करने का आदेश जारी कर दिया।
चोलापुर थाने के रौना खुर्द गांव निवासी एक युवक मंगलवार की रात बड़ागांव थाना क्षेत्र के बिरांव से अपने एक रिश्तेदार के साथ लौट रहे थे। उनका आरोप है कि फूलपुर थाना क्षेत्र के मंगारी (गंगापुर) पेट्रोल पंप के समीप पहुंचे तो सिंधोरा थाने के दरोगा ने नीली बत्ती लगी कार को रोका।
युवक ने अपने पिता के बरेली में अपर नगर मजिस्ट्रेट के पद पर तैनात होने की बात कहते हुए परिचय दिया और कागजात दिखाए तो नीली बत्ती का दुरुपयोग करने का आरोप लगाते हुए दरोगा ने उसकी पिटाई शुरू कर दी। बीचबचाव करने पहुंचे रिश्तेदार को भी पीटा और दोनों को सिंधोरा थाने ले गए।
युवक ने इसकी शिकायत एसडीएम पिंडरा जयप्रकाश से की। एसडीएम ने सिंधोरा इंस्पेक्टर के जरिए दरोगा को तहसील में तलब किया। दरोगा अपनी हुंडई कार से एसडीएम कार्यालय के सामने तक पहुंच गया। भुक्तभोगी ने दरोगा के बिना कागजात की कार से क्षेत्र में धौंस जमाने का अंदेशा जताया। इस पर एसडीएम ने जब दरोगा से कागजात मांगे तो वह नहीं दे सका।
काफी देर बाद दूसरे के नाम के इंश्योरेंस की छायाप्रति दिखाई। इस पर एसडीएम ने फटकार लगाई और सीओ पिंडरा को इस आशय के साथ आदेशित किया कि कार के कागजात न होने पर जांच करते हुए कार्रवाई करें।