आपदा की 'शिकार' बेटियों को शादी के लिए मिलेंगे एक लाख
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उत्तराखंड में ऐसे परिवारों की संख्या सैकड़ों में हैं जो आपदा के शिकार हुए और बेटियां निराश्रित हो गई हैं। किसी के मां और बाप दोनों ही नहीं रहे तो किसी का पूरा परिवार समाप्त हो गया।
मां व बाप दोनों ही नहीं रहे
ऐसी तमाम बेटियों की शादी के लिए सरकार एक-एक लाख रुपए की एफडी करेगी। एफडी को केवल शादी के समय ही तोड़ा जा सकेगा।
अभी तक शासन को विभिन्न जिलों से जो संख्या आई हैं उसके अनुसार ऐसी लड़कियों की संख्या 99 हैं।
देर से ही सही लेकिन आपदा से प्रभावित क्षेत्रों की लड़कियों की सुध अंतत: सरकार ने लीं। जिनका परिवार समाप्त हुआ या मां व बाप दोनों ही नहीं रहे या लापता हो गए, ऐसे परिवारों की लड़कियों की शादी के लिए सरकार ने एक एक लाख रुपए की एफडी की योजना बनाई है।
जिलाधिकारी के सामने सबूत देना होगा
यह एफडी इन लड़कियों के नाम से होगी और इसे शादी से पहले नहीं तोड़ा जा सकेगा। ऐसी भी कुछ लड़कियां हैं जिनके मां बाप भी लापता है और उनकी शादी तय हो चुकी हैं।
इन लड़कियों के लिए भी सरकार एक एक लाख रुपए देने का फैसला लिया है। इसके लिए जिलाधिकारी के समक्ष शादी का कार्ड या अन्य ऐसा सबूत देना होगा कि जिससे शादी का बात प्रमाणित होती हो।
विभिन्न जिलों से ऐसी निराश्रित लड़कियों की जो सूची आई हैं उनमें लगभग 80 तो अकेले रुद्रप्रयाग जनपद से ही हैं। इसके अलावा चमोली, उत्तरकाशी व पिथौरागढ़ से भी थोड़ी थोड़ी संख्या हैं।
इन लड़कियों की संख्या अभी बढ़ने केआसाल है। इस योजना को मुख्यमंत्री ने स्वीकृति दे दी है और जल्द ही आदेश जारी कर दिया जाएगा।