अमर उजाला
Fri, 5 June 2026
भारतीय रेलवे में 3A (थर्ड एसी) और 3E (एसी थ्री टियर इकोनॉमी) दोनों ही वातानुकूलित (AC) श्रेणियां हैं।
मगर यात्रियों की सुविधा और किराए के मामले में इनमें कुछ महत्वपूर्ण अंतर होते हैं।
वहीं, 3E (इकोनॉमी) क्लास में क्षमता बढ़ाने के लिए साइड में 2 के बजाय 3 सीटें (साइड लोअर, साइड मिडल, साइड अपर) दी जाती हैं, जिससे एक कंपार्टमेंट में कुल 9 बर्थ हो जाती हैं।
3E क्लास का मुख्य उद्देश्य आम जनता को कम बजट में AC का सफर देना है, इसलिए इसका किराया 3A क्लास की तुलना में लगभग 6% से 8% तक कम होता है।
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