करनाल। जिले के हाईवे स्थित कस्बे नीलोखेड़ी के रहने वाले 14 वर्षीय हार्दिक तीन दिन पूर्व कल्पना चावला मेडिकल कालेज एवं अस्पताल में अपने स्वास्थ्य की जांच कराने आया था। सोमवार को आई स्वाइन फ्लू की रिपोर्ट में उसे स्वाइन की पुष्टि होने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने उसके परिजनों को टेमीफ्लू की दवाई दी है। जिले में अब तक 21 लोगों को स्वाइन फ्लू होने की पुष्टि हो चुकी है, जबकि अबतक 65 लोगों के स्वाइन के सैंपल लिए जा चुके हैं। आए दिन स्वाइन का नया मामला प्रकाशित हो रहा है।
सोमवार कोे स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पांच रोगियों के स्वाइन के सैंपल लिए हैं। जिनकी बुधवार देर शाम तक रिपोर्ट आने की उम्मीद है। शुक्रवार को कल्पना चावला मेडिकल कालेज एवं अस्पताल में अपनी जांच कराने आए नीलोखेड़ी निवासी 14 वर्षीय हार्दिक पर संदेह के चलते डाक्टरों ने उसका स्वाइन सैंपल लिया था। जिस की सोमवार को पॉजिटिव रिपोर्ट आते ही स्वास्थ्य विभाग की टीम ने हार्दिक के घर जाकर उसके परिजनों को टेमीफ्लू की दवाई दी। हार्दिक अपने घर पर ही उपचार ले रहा है, उसे अस्पताल की स्वाइन वार्ड में दाखिल नहीं किया गया है। हार्दिक के परिवार के सभी सदस्याें की हालत ठीक होने के कारण उनका स्वाइन का सैंपल लेने की जरूरत नहीं पड़ी, इसी लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रोगी के परिजनों को टेमीफ्लू की दवाई दी है। अब तक जिले में स्वाइन फ्लू के करीब 65 सैंपल लिए गए हैं जिसमें से 21 रोगियों को स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो चुकी है। जबकि कुछ की 14 रोगियों की रिपोर्ट आनी बाकी है। जबकि जिले में स्वाइन फ्लू से मरने वालों की संख्या सात हो चुकी है। फिर भी प्रतिदिन स्वाइन का नया मामला प्रकाश में आ रहा है।
परिवार को दी टेमीफ्लू
कल्पना चावला मेडिकल कालेज एवं अस्पताल के नोडल अधिकारी डा. राकेश मित्तल ने बताया कि सोमवार को आई रिपोर्ट में नीलोखेड़ी के 14 वर्षीय बच्चे हार्दिक की रिपोर्ट में स्वाइन की पुष्टि हुई है। हार्दिक की स्वाइन की पुष्टि होने के बाद ही स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नीलखेड़ी हार्दिक के घर जाकर उसके परिजनाें को टेमीफ्लू की दवाई दी है। सैंपल लेने जैसे कोई लक्षण दिखाई नहीं दिए। इस लिए किसी का भी सैंपल नहीं लिया गया।