जम्मू। आईएसआई की बार्डर एक्शन टीम (बैट) के नापाक मंसूबों का कड़ा जवाब देने के लिए भारतीय सुरक्षा बलोें ने भारत-पाक सीमा पर गश्त करने की रणनीति में बदलाव किया है।
सीमा पर मौजूद चौकियोें को खाली करके गश्त करने की बजाए अब सुुरक्षा बल झुंड में गश्त करेंगे। जबकि चौकियों मेें मौजूद सुरक्षाकर्मी अपनी चौकी खाली नहीं करेगा। सेेना और बीएसएफ ने अपने सभी कंपनी कमांडरों को नई रणनीति के तहत सीमा पर सुरक्षा बढ़ाए जाने के आदेश दिए हैं। सीमा पर लगातार चौकसी के कारण घुसपैठ पर लगे अंकुश को बरकरार रखने के लिए ही सुरक्षा बलोें की नई नीति अगले आदेश तक जारी रहेगी।
विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, अगस्त महीने में रामगढ़ सेक्टर में स्नाइपर से बीएसएफ के जवान की सीमा पार से गोली मारकर हत्या के बाद ही बैट के सक्रिय होने की सूचना सुरक्षा एजेंसियों ने दी थी। इस वारदात के पीछे भी आईएसआई की बैट का हाथ माना जा रहा था। घटना के बाद भी सीमा पर तैनात जवानों पर पाक सेना के हमले जारी रहे और कई बार सीज फायर हुआ। मेेंढर में दो जवानोें की मौत से उठे बवाल के बाद भारतीय सुरक्षा बलों ने सुरक्षा करने की नई रणनीति तैयार की है। यह भी सूचना है कि आतंकी अब राज्य के अंदरूनी क्षेत्रों मेें हमले बढ़ाएंगे और घुसपैठ कराए जाने की भी प्रबल संभावना है। इसलिए सीमा और राज्य में सुरक्षा बलों को मुस्तैद कर दिया गया है।
घुसपैठ को रोकने से ही राज्य में आतंकियों की सीमा पार से सप्लाई नहीं हुई है। कई कमांडर मारे जाने के बाद शांत हुए हालात को बरकरार रखने की हर संभव कोशिश की जा रही है। झुंड में गश्त करने के दौरान बैट के किसी भी हमले का मुुंहतोड़ जवाब देने के भी आदेश दिए गए हैं।