जम्मू। थ्री जी टावर लगाने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले पांच लोगों की धरपकड़ के लिए क्राइम ब्रांच ने दिल्ली, यूपी और मध्य प्रदेश को तीन टीमें रवाना कर दी हैं।
क्राइम ब्रांच स्थानीय पुलिस के सहयोग से पांचों आरोपी रीना निवासी नेहरू कैंप पटपड़गंज दिल्ली, महमूद मुस्तफा निवासी सेक्टर 56 गौतम बुद्ध नगर नोएडा, करन सिंह बिष्ट निवासी सेक्टर 22 गौतम बुद्ध नगर नोएडा, विशाल शर्मा निवासी आईटीआई भेटा जबलपुर मध्य प्रदेश और कुलबीर नेगी निवासी न्यायहंड इंद्रापुरम गाजियाबाद को दबोच सकती है। इनके कार्यालय का भी पता लगाया जा रहा है। जहां से यह रैकेट काम कर रहा है और भोले भाले लोगों को टावर लगाने के नाम पर हजारों रुपये का चूना लगा रहा है। इनके दबोचे जाने पर ही अन्य कितने लोग इनके झांसे में आए हैं, इसकी जानकारी मिल सकेगी। क्राइम ब्रांच अधिकारियों ने संभावना जताई है कि इस मामले में कुछ और लोग भी टावर लगाने के झांसे में आए होंगे। टेलीफोन से ही लोगों को झांसे में लेकर हजारों रुपये ऐंठ लिए जाते हैं। क्राइम ब्रांच ने एक बार फिर से फर्जी विज्ञापनों से सावधान रहने की अपील की है। एसएसपी निसार अहमद के अनुसार लोग मासूमियत के कारण फर्जी विज्ञापनों मेें फंस जाते हैं। मल्टी नेशनल कंपनियों के नाम पर नौकरी, टावर लगाने के लिए जगह और घर के एक सदस्य को नौकरी, शिक्षा इत्यादि के नाम पर सैकड़ों फर्जी कंपनियां सक्रिय हो गई हैं।
क्राइम ब्रांच की इन पर नजर है और लोगों को भी सचेत कर रही है। गौरतलब है कि क्राइम ब्रांच में बाबू राम निवासी मजूर अखनूर ने क्राइम ब्रांच में रिपोर्ट दर्ज उसे थ्री जी टावर लगाने के नाम से धोखा दिया गया है। धोखाधड़ी करने वाली कंपनी 54,200 रुपये ले चुकी है और अभी तक टावर नहीं लगाया। क्राइम ब्रांच ने साइबर सैल से फोन डिटेल और बैंक खाता नंबर से आरोपियों के नाम का पता किया और मामला दर्ज किया गया।