माँ-अम्बे वो शक्ति दो, चलें सत्य की राह
मानवता ही धर्म हो, और कोई न चाह II
माँ दुर्गा के रूप में, प्रथम धरा अवतार
शैलपुत्री स्वरूप में, महिमा अपरम्पार II
मंत्र "ह्रीं शिवायै नमः", जपें सभी कर ध्यान
पूजन का दिन प्रतिपदा, मिले मोक्ष यह मान II
दुस्साहस करता अगर, दुष्ट प्रकृति शैतान
अंत समय आया समझ, सच ले वो यह मान II
माँ दुर्गा प्रति भक्तगण, रखते व्रत नवरात्र
इसी-भांति माँ का बनें, सभी दया के पात्र II
- विनय कुमार अवस्थी
अपर महाप्रबन्धक, एन टी पी सी
राजपुर, देहारादून
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