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ज़िन्दगी

Aanchal Gupta

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            चलों ज़िन्दगी थोड़ी आसान बनाते हैं,
        
                                                    
                            
मुशिकलों के दौर में राहत की छांव बनाते हैं,
थोड़ा तुम भूल जाओ दर्द को ,
थोड़ा तकलीफ को नजरों से दूर भगाते हैं,
मरहम पसीने की बूंद से चलो आज बनाते हैं,
चलो ज़िन्दगी थोड़ी आसान बनाते हैं.
बौछार तानो की सर पर हो,
उम्मीदों का छाता फिर उठाते हैं,
भीगे मन की कमीज झटक कर,
हंसी की चूनर आज चमकाते हैं,
चलो ज़िन्दगी थोड़ी जीने सी बनाते हैं।।
 
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4 वर्ष पहले
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