नया सवेरा, नई उम्मीद है।
चल उठ, फिर नई आशाओं के साथ।
आज फिर होना है तुझे दो दो हाथ,
जीवन की मुश्किलों के साथ।
धीरे-धीरे ही सही रखना हौसला,
चलते रहना सफर पर।
मंजिल तुझे मिलेगी
विश्वास रखना अपने ईश्वर पर।
यह गड्ढे खोदने वाले,
गड्ढे में ही रहेंगे,
देखना तू पहुंचकर मंजिल पर।
चतरसिंह गेहलोत
निवाली जिला बड़वानी
9993803698