स्वयं को लोग स्मार्ट समझते
औरों को समझे पागल हाफ
अपनी कमी हम नहीं देखते
दूसरे की कमी को खोजा करते।।
स्वयं की कमी छुपाया करते
गैरों की कमी खूब गाया करते
स्वयं को क्यों नहीं बदला करते
औरों को बदलने की बातेंकरके।।