है वही जिसने हमे इस विश्व का चेहरा दिखाया,
मास नौ वह रख उदर में कष्ट दिल में खूब दबाया,,
जन्म होते ही हमारा जिसने हमें दिल से लगाया ,
सहे अनेकों कष्ट फिर भी कष्ट सब खुद पर बुलाया,,
प्यार कम होता कभी न बसती जिसकी हम में जान
वो है #मां, वो है #मां, वो है #मां, वो है #मां ।।
कपिल यादव
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