नये साल में नया नया सब कुछ हमको करना है
शत्रुता भुलाकर सबके मन मे प्रेम भाव जगाना है
अच्छे विचार उपजे हर दिल में हो बस प्यार समाया
बीते कल को भूलो देखो नया साल है आया
कदम कदम मिले सफलता दूर हो सब बाधायें
रोज महेनत करें हम स्वंय अपना भाग्य बनायें
जिसने किया परिश्रम जग में लक्ष्य उसी ने पाया
भूल जाओ 2017 में क्या खोया क्या है पाया
बीते कल को भूलो देखो 2018 का साल है आया
नये साल में महेनत कर हर मुश्किल से पार पाना है
लक्ष्य कितना भी हो दूर हमे हर हाल में बढ़ते जाना है
अपनी संस्कृति और देश का गुमान दुनिया को दिखाना है
नफरतों को भुलाकर हर दिल में देश प्रेम जगाना है
बीते समय को छोड़कर नये साल को गले लगाना है
नयी सुबह नये मौसम से आओ कर लें यारी
नयी किताबें कलमे ताकत बने हमारी
2018 का वर्ष आप सब के लिय हो मंगलकारी
2017 का सब पुराना भूलाना बस याद रखना कुक्की की यारी
- महेश सिहं नेगी
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