विज्ञापन

परिश्रम

Surya Barman

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            जीवन है तो परिश्रम है
        
                                                    
                            
जीवन नैया नहीं होती पार
परिश्रम ही है इसका आधार।
गर्भ में भी शिशु करता
परिश्रम आने को बाहर।
परिश्रम नहीं तो जिंदगी है बेहाल।
सही है कहा है किसी ने
मेहनत करने वालों की
कभी हार नहीं होती,
उसकी मानसिकता कभी
बिमार नहीं होती।
मानव हो या हो चर अचर ,
जीवन ढोने हेतु करते परिश्रम।
परिश्रम ही है सृष्टि का आधार
ईश ने रचा " वसुधैव कुटुंबकम "।
वसुंधरा- परिवार को करें
पावन समृद्ध व खुशहाल।
परिश्रम करें हर प्राणी
हो जाऐ जग का उद्धार।

- शिव कुमार बर्मन
2 वर्ष पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

SANDEEP PANDEY

80 कविताएं

View Profile

Arjun Prabhat

37 कविताएं

View Profile