उफ़ ये अदा छुपाने की
बुरा तो लगना ही है
ये सच की फिदरत ही ऐसी है
बहाने जितने चाहो बना लो
दोष खोज तो लो
मिथ्या तर्क को ही हथियार बनाओगे
प्रहार करने से ना चूकेंगे
इसी मिथ्या पर इतराओगे
क्या खूब मासूम बनने की अदा है
भर्म यही तुम्हारा यह जान लो मान लो
पहले भी मिथ्या वाला अब मिथ्या वाली बात
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