फरीदकोट। जिला व सेशन जज अर्चना पुरी की अदालत ने शनिवार को कोटकपूरा के केबल संचालक अश्विनी चोपड़ा डड्डी की हत्या के एक दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई। दोषी कोटकपूरा निवासी व न्यायिक विभाग से सेवामुक्त स्टेनो ज्ञान चंद को विभिन्न धाराओं में तीन अन्य सजाओं समेत 19 हजार रुपये जुर्माना भी किया गया है। इस मामले में दोषी ज्ञान चंद का बेटा व केस का मुख्य आरोपी राजेश कुमार जेशू भगोड़ा चल रहा है।
9 दिसंबर, 2011 को रात 8 बजे पुराना शहर में काली माता मंदिर के पास आरोपी पिता, पुत्र ने अपने घर उलाहना देने आए डड्डी चोपड़ा की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना से पहले आरोपी जेशू ने केबल के पैसे मांगने की रंजिश में डड्डी के चचेरे भाई हैप्पी को घायल किया था। बाद में डड्डी अपने भाई बिट्टू ,भतीजे विशाल समेत हैप्पी को साथ लेकर उलाहना देने को आरोपी के घर की तरफ आए। अभी वे अपने रिश्तेदार रिंकू के घर के बाहर खड़े होकर हैप्पी के पिता सुखदेव दत्त का इंतजार कर रहे थे कि अपने चौबारे पर खड़ा ज्ञान चंद 12 बोर की दोनाली बंदूक निकाल लाया और उन्हें जान से मारने की धमकियां देने लगा। बाद में जेशू ने पिता से बंदूक छीनी और डड्डी व उसके भाइयों पर फायर कर दिए। गोली लगने से डड्डी, हैप्पी व बिट्टू घायल हुए। गंभीर अवस्था में डड्डी चोपड़ा को लुधियाना रेफर किया गया लेकिन वहां उसकी मौत हो गई थी।
सिटी कोटकपूरा पुलिस ने आरोपी राजेश कुमार जेशू व उसके पिता ज्ञान चंद को हत्या, इरादा कत्ल व असलहा एक्ट के तहत नामजद किया था। घटना के कुछ दिनों बाद पुलिस ने ज्ञान चंद को गिरफ्तार कर लिया लेकिन मुख्य आरोपी जेशू अभी तक नहीं पकड़ा जा सका है। उसे अदालत भगोड़ा करार दे चुकी है।
शनिवार को इस केस में जिला अदालत ने ज्ञान चंद को दोषी करार देते हुए उसे आईपीसी की धारा 302 में उम्रकैद व 10 हजार जुर्माना, धारा 307 में 5 वर्ष की कैद व 5 हजार जुर्माना व असलहा एक्ट की दो धाराओं में 2-2 वर्ष की कैद व 2-2 हजार जुर्माने की सजा सुनाई। सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।