नेरचौक मेडिकल कॉलेज में अब कैंसर का इलाज हो सकेगा। अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महापर्व 2020 के शुभारंभ के पहले सीएम जयराम ठाकुर ने शनिवार को नेरचौक स्थित लाल बहादुर शास्त्री राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय में 45 करोड़ से बनने वाले टर्शरी कैंसर केयर सेंटर का शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि यह सेंटर केंद्र सरकार ने स्वीकृत किया है। इस भवन को एक वर्ष के भीतर बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
इस सेंटर के बनने से क्षेत्र की 25 लाख से अधिक आबादी को स्वास्थ्य सुविधा मिलेगी। केंद्र में सिर और गर्दन, स्तन, गर्भाशय ग्रीवा, फेफड़ों और लिंफोमा आदि के कैंसर के इलाज के लिए लीनियर एक्सीलेटर, एचडीआर ब्रैकीथैरेपी और योजना सीटी-सिम्युलेटर जैसी नवीनतम मशीनरी और उपकरण स्थापित होंगे। इस टर्शरी कैंसर केयर सेंटर में कीमोथैरेपी, रेडियोथैरेपी, ऑन्कोसर्जरी जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। अभी प्रदेश में सिर्फ आईजीएमसी शिमला में कैंसर के उपचार की सुविधा उपलब्ध है। एक वर्ष के बाद मंडी में भी यह सुविधा उपलब्ध हो जाएगी।
चिकित्सा विवि का निर्माण भी जल्द
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में वर्तमान में सरकारी क्षेत्र में छह मेडिकल कॉलेज हैं और बिलासपुर जिले में एम्स का निर्माण किया जा रहा है। राज्य में चिकित्सा विश्वविद्यालय के यथोचित कार्य को सुनिश्चित करने के लिए नेरचौक के पास भूमि चिन्हित की जा रही है। जमीन मिलते ही यहां कार्य आरंभ कर दिया जाएगा।
50,000 लीटर क्षमता के दुग्ध प्रसंस्करण संयंत्र की आधारशिला
मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने शनिवार को मंडी जिले के बल्ह विधानसभा क्षेत्र के चक्कर में 16.31 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने वाले मिल्कफेड के 50,000 लीटर क्षमता के दुग्ध प्रसंस्करण संयंत्र की आधारशिला रखी। वर्तमान में मिल्कफेड के पास एक लाख लीटर दूध एकत्र करने की क्षमता है, जिसे बढ़ाने की आवश्यकता है। अध्यक्ष मिल्कफेड निहाल चंद शर्मा भी इस मौके पर मौजूद रहे।
मंत्री ने किया दूध के मूल्य बढ़ाने का आग्रह
ग्रामीण विकास मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कहा कि दुग्ध प्रसंस्करण संयंत्र जिले के किसानों के लिए वरदान साबित होगा और इसके माध्यम से वर्ष 2022 तक किसानों को अपनी आय दोगुनी करने में भी मदद मिलेगी। उन्होंने मुख्यमंत्री से किसानों की सुविधा के लिए दूध के मूल्य बढ़ाने का भी आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने मिल्कफेड की ओर से दुग्ध सहकारी समितियों को दो-दो हजार रुपये के चेक और ऑटोमेटिक दुग्ध संग्रह यूनिट भी भेंट किया।