बागपत। आम आदमी पार्टी ने रविवार को अपने 20 संभावित उम्मीदवारों की सूची जारी की, इनमें पश्चिमी यूपी से तीन नाम हैं। बागपत से सोमेंद्र ढाका, सहारनपुर से योगेश दहिया और मुरादाबाद से खालिद परवेज। इन्हें देखकर तो यही लगता है कि आप ने अपने ही नेताओं को चुना है जबकि आवेदन आम लोगों से भी खूब करवाए गए थे। टिकट दावेदारों में बागपत और सहारनपुर से पूर्व आईएएस अधिकारी भी शामिल बताए गए लेकिन दोनों जगह आप नेता ही बाजी मार ले गए।
दिल्ली में सरकार बनने के बाद आम आदमी पार्टी ने लोकसभा चुनाव लड़ने का जब ऐलान किया तो उम्मीदवार तय करने के लिए नया फार्मूला भी पेश किया गया। ऑनलाइन आवेदन का विकल्प भी दिया गया। इसके अलावा आम आदमी को भी आवेदन करने का मौका दिया गया।
इस उम्मीद में बागपत और सहारनपुर में भी 10-10 से ज्यादा लोगों ने टिकट पर दावा ठोक दिया था। इनके अलावा बागपत से पूर्व आईएएस अधिकारी तुलसी गौड़ और सहारनपुर से पूर्व मंडलायुक्त आरपी शुक्ल का नाम चला। तुलसी गौड़ ने मेरठ के डीएम और आरपी शुक्ल ने सहारनपुर के कमिश्नर के रूप में काफी नाम कमाया था।
शायद इसीलिए इनके नाम पर इतनी चर्चा हुई लेकिन लिस्ट में दोनों को ही जगह नहीं मिल पाई। तुलसी गौड़ ने पहले ही कह दिया था कि अगर आप ने मौका नहीं दिया तो निर्दलीय ही चुनाव लड़ेंगे। आप की लिस्ट आने पर उन्होंने कहा कि उन्हें पहले ही पता चल गया था कि आप से सोमेंद्र ढाका को टिकट मिलेगा, इसलिए उन्होंने अपनी तैयारी निर्दलीय के रूप में शुरू कर दी है।
गौरतलब है कि बागपत से जिन सोमेंद्र ढाका को उम्मीदवार बनाया गया है, वे बागपत में आप के जिला संयोजक है। सहारनपुर से प्रत्याशी बने योगेश दहिया आप के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य हैं। दोनों ही अन्ना के आंदोलन के समय केजरीवाल के साथी बन गए थे।