मझगईं (लखीमपुर खीरी)। इलाके के चौखड़ा फार्म में बुधवार को करीब चार बजे बाघ ने मवेशियों पर हमलाकर तीन गायों को अपना शिकार बनाया। वहां मौजूद चरवाहों ने जैसे तैसे भागकर जान बचाई। ग्रामीणों ने बताया कि कई दिन से बाघ क्षेत्र में देखा जा रहा है। बाघ के हमले के बाद से गांव के लोग दहशत में हैं।
करीब दो हफ्ता पहले गंगापुरवा गांव के पास एक गाय को बाघ ने अपना शिकार बनाया था। उसके बाद वह चौखड़ा फार्म के झालों के आसपास देखा जा रहा था। कस्बा निवासी महेशी व अन्य चरवाहे कस्बा के उत्तर करीब तीन किलोमीटर दूर चौखड़ा फार्म गए थे। घाट के पास सभी मवेशी चर रहे थे। इस दौरान जंगल से निकलकर आए बाघ ने वहां चर रहे मवेशियों पर हमला कर दिया। तीन गायों को बाघ ने अपना निशाना बनाया। इनमें से दो की मौके पर मौत हो गई। जब कि एक घायल गाय की बाद में मौत हुई। इस दौरान वहां मौजूद चरवाहों ने जैसे तैसे भाग कर जान बचाई। शोर सुनकर आसपास के लोग इकट्ठे हो गए। शोर मचाये जाने पर बाघ जंगल की ओर चला गया। बाघ के इस हमले में शारदा की तीन गायों की जन गई। हमले के बाद से चौखड़ा फार्म में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने बताया कि बाघ काफी दिनों से चहलकदमी कर रहा है जिसकी सूचना वन विभाग को दी गई लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया गया।