छह सूत्रीय लंबित मांगों को लेकर सोमवार को डीएम कार्यालय पर जिले भर के लेखपालों ने धरना दिया। धरने में सभी वक्ताओं ने सरकार की हठधर्मिता को लेकर आरपार की लड़ाई का एलान किया। कहा कि सरकार लेखपालों के जायज मांगों को भी सुनने को तैयार नहीं है। ऐसे में आगामी विधानसभा चुनाव में सपा सरकार को सबक सिखाएंगे । धरने की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष राम सुमेर और संचालन गंगाप्रसाद श्रीवास्तव ने किया। जिलाध्यक्ष ने कहा कि जब तक मांगें नहीं मानी जाती तब तक आंदोलन जारी रहेगा। लेखपाल नरेंद्र बहादुर उपाध्याय ने कहा कि इस सरकार को सत्ता में रहने का हक नहीं हैं। लेखपालों ने आरपार की लड़ाई लड़ने का मन बना लिया है। इसकी शुरुआत 30 अगस्त से लखनऊ में होगी।
जुगुल किशोर वर्मा ने कहा कि 30 अगस्त को प्रदेश भर के लेखपाल विधानसभा का घेराव करेंगे। जिला मंत्री अजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि जब तक मांगे पूरी नहीं होती आंदोलन जारी रहेगा। अंजनी शरण ने कहा कि यह धरना 23 अगस्त से चल रहा है, मगर सरकार ने कोई ध्यान नहीं दिया। इस मौके पर सदर तहसील अध्यक्ष अशोक कुमार तिवारी, मंत्री धमेंद्र कुमार, विद्याधर द्विवेदी, रणधीर सिंह, विजय कुमार श्रीवास्तव, सतीश कुमार श्रीवास्तव, अनिल कुमार मिश्र, शिव मूरत प्रसाद, विजय कुमार श्रीवास्तव, शंकर, सहदेव वर्मा, सुरेश उपाध्याय, अजय वर्मा, जियालाल, अजय श्रीवास्तव, रमेश श्रीवास्तव, राम सिंगार, रविंद्र, लक्ष्मण प्रसाद, जयराम गौतम, रामसागर और मनोज उपाध्याय, सुनील तिवारी, हीरालाल, गंगा प्रसाद, महेंद्र सिंह, जयराम गौतम, दयाराम चौधरी, राम सजीवन गुप्त, सुरेश पटवा, रफीक अहमद, राजेश्वरी उपाध्याय, अनिल मिश्र, देवेंद्र पाल, ईश्वरचंद्र, रामरेखा, विनोद श्रीवास्तव, हरि ओम, मुरली मनोहर , सुनील कुमार पांडेय, राजेश्वरी उपायाय, रफीक अहमद सहित अन्य लेखपाल मौजूद रहे।