एटा। चार प्रतिशत तक का डैमेज चावल भी अब कंपनियां खरीदेंगी। इस आदेश के बाद किसानों में राहत है। अब किसानों के हजारों क्विंटल धान की खरीद भी शुरू हो जाएगी।
केन्द्र सरकार की धान खरीद के नियम किसानों पर भारी पड़ रहे हैं। जनपद में धान में हद से ज्यादा डैमेज होने के कारण जहां क्रय केन्द्र धान नहीं खरीद रहे। वहीं खरीद न होने से किसान मायूस हैं। भारत सरकार के धान खरीद नियमों के अनुसार केवल तीन प्रतिशत डैमेज चावल ही संबंधित कंपनियां खरीदती हैं। मगर खाद्य विपणन विभाग के अनुसार जनपदीय क्रय केंद्रों पर आने वाले धान में 19 से 20 प्रतिशत तक डैमेज है। जिसके चलते धान की खरीद नहीं की जा रही है। मगर भारत सरकार के चावल पर तीन के बजाए चार प्रतिशत डैमेज चावल खरीदने के आदेश से किसानों को राहत जरूर मिलेगी। साथ ही धान क्रय केन्द्रों पर धान की खरीद भी शुरू हो सकेगी।
खाद्य एवं विपणन अधिकारी नरेन्द्र कुमार ने बताया कि अब तक किसानों से 17 हजार क्विंटल धान की खरीद की जा चुकी है। लेकिन धान अधिक डैमेज होने के कारण कंपनी खरीद नहीं रही हैं। चावल खरीद के इस फैसले से थोड़ी बहुत राहत मिलेगी।