गोंडा। सिंचाई विभाग के गोदाम से बेचने के लिए ले जाई जा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली पर लदी 120 बोरी सरकारी सीमेंट एसओजी ने पकड़ी है। सीमेंट की कीमत 36 हजार रुपये बताई जा रही है। एसओजी ने मामले में सिंचाई विभाग के अवर अभियंता समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनके खिलाफ कोतवाली नगर में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। मामले में कई और अभियंताओं के नाम प्रकाश में आए हैं, एसओजी उनकी तलाश में जुटी है।
सीओ पूर्णेन्दु सिंह ने बताया कि एसओजी प्रभारी एसपी सिंह को गुरुवार शाम सूचना मिली कि सिंचाई विभाग के सरयू नहर खंड चार के गोदाम से सरकारी सीमेंट एक ट्रैक्टर ट्रॉली पर बेचने के लिए ले जाई जा रही है। इस पर वह अपनी टीम के साथ उतरौला रोड के धनौली गांव के पास पहुंचे तो वहां सड़क किनारे एक मकान में सीमेंट की बोरियां उतारी जा रहीं थीं, तभी टीम ने चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया, जिनके नाम सुखराम अवर अभियंता सरयू नहर खंड चार, कोतवाली नगर क्षेत्र के धनौली गांव निवासी दिलावर हुसैन, अभियंता का मुंशी कोतवाली देहात क्षेत्र के भदुआ सोमवंशी गांव निवासी धर्मेंद्र सिंह व गांव का ही ट्रैक्टर चालक सज्जाद है। चारों के पास से एक-एक मोबाइल बरामद हुआ है। एसओजी को दिलावर के पास से एक पत्र मिला, जो कि 240 बोरी सीमेंट ठेकेदार बीएस तिवारी को देने के लिए गोदाम इंचार्ज अवर अभियंता मो. सुहेल का आदेश था। एसओजी प्रभारी ने अवर अभियंता सुखराम, दिलावर, धर्मेंद्र और सज्जाद के खिलाफ चोरी की सीमेंट बरामद होने व गबन की रिपोर्ट दर्ज कराई है।