हरदोई। राज्य कर्मियों को 8,16, 24 वर्षों की कुल सेवा पर तीन पदोन्नति पद का ग्रेड वेतन देने समेत 15 लंबित मांगों को पूरा कराने को लेकर गुरुवार को राज्य कर्मचारी अधिकार मंच के बैनर तले आवाज बुलंद की गई और सीएम के नाम ज्ञापन भी सिटी मजिस्ट्रेट को सौंप मांगों पर ठोस कदम उठाने की मांग की।
इफ्तिखार आलम व अवधेश सिंह ने कहा कि प्रदेश के विकास में कर्मचारी समाज का बड़ा योगदान होता है। सरकार की प्राथमिकता वाले कार्यों को मूर्तरूप प्रदान करने के साथ प्रदेश के सुदूर अंचलों के कर्मचारी समाज सरकार की योजनाओं को पहुंचाने का कार्य करते हैं, पर काफी समय से उनके अधिकारों का हनन होने लगा है। छठे वेतन आयोग तथा रिजवी समिति की संस्तुतियों को आए पांच वर्ष से ज्यादा समय हो चुका, पर कोई निर्णय नहीं लिया जा रहा, जिससे कर्मियों में आक्रोश पनप रहा है। प्रभा सिंह व यशवंत सिंह तोमर ने कहा कि राज्य कर्मियों को 8,16, 24 वर्षों की कुल सेवा पर तीन पदोन्नति पद का ग्रेड वेतन दिया जाए।
कहा कि केंद्र सरकार के अनुरूप नगरों के वर्गीकरण को आधार मान ग्रेड वेतन के स्थान पर मूल वेतन पर वाई श्रेणी के नगरों में 20 प्रतिशत तथा जेड श्रेणी के नगरों में 10 प्रतिशत मकान किराया भत्ता प्रदान किया जाए। सीएम को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट एसआरएल वर्मा को सौंप मांगों को पूरा कराने की मांग की गई। सभी राज्य कर्मियों को 300 दिवसों के उपार्जित अवकाश के स्थान पर 600 दिनों का उपार्जित अवकाश को संचित करने, सेवानिवृत्त पर उसका नगद भुगतान कराने के साथ ही सभी राज्य कर्मियों को प्रदेश स्थित एसजीपीजीआई कई चिकित्सा विवि व महाविद्यालयों के साथ संबद्ध अस्पतालों एवं अन्य विशिष्ट संस्थानों आदि में सचिवालय में सेवारत सेवानिवृत्त कार्मिकों की भांति निशुल्क चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने की मांग की गई।
इस मौके पर संरक्षक मंडल के राजकुमार कपिल, अखिलेश कुमार, शिवगोपाल सिंह, अखिलेश शुक्ला, अर्चना वर्मा, सुधाकर त्रिपाठी, दुर्गा प्रसाद शंखधर, बाबू सिंह, राकेश कौल, कौशल किशोर द्विवेदी, माधुरी सिंह, कीर्ति देवी, सुरेंद्र राठौर और सुमन देवी आदि मौजूद थे।