हरदोई। निकाय चुनाव क ो लेकर नामांकन प्रक्रिया के तहत नाम वापसी के बाद मंगलवार को सीट के दावेदारों को प्रतीक चिह्नों का आवंटन भी हो गया। प्रतीक चिह्न पाने को नामांकन कक्षों के बाहर काफी गहमा-गहमी रही, लेकिन सबसे ज्यादा नजरें हरदोई पालिकाध्यक्ष सीट की ही ओर लगी रहीं।
प्रतीक चिह्न आवंटन के बाद कहना गलत न होगा कि अब हरदोई सीट पर कहीं रेल का इंजन सीटी बजाता नजर आएगा तो कहीं आटा चक्की की धक धक भी सुनाई देगी। क्षेत्र में कमल खिलता और हाथ का पंजा भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराएगा। निकाय चुनाव मेें दावेदारी करने का काम लगभग खत्म हो गया। नामांकन, नामांकन पत्रों की जांच और नाम वापसी के बाद मंगलवार को प्रतीक चिह्न आवंटन होने के बाद से ही प्रशासन को छोड़कर अब वोटरों की शरण में पहुंचने लगे हैं या पहुंच रहे हैं। जिले की सात पालिकाओं व छह पंचायतों में अध्यक्ष व सभासद पद पर दावेदारी को लेकर पिछले 31 मई से नामांकन प्रक्रिया संपन्न हुई।
अंतिम दिन तक सुमन गुप्ता, ऊषा वर्मा ने नामांकन कराकर दावेदारी की थी। इसके अलावा राजनीतिक दलों की बात करें तो अंतिम दिन कांग्रेस से बीना सिंह ने दो सेटों में नामांकन कराने के बाद अपना दावा ठोंक दिया था, जबकि भाजपा से घोषित प्रत्याशी सुधा एवं बसपा समर्थित शांति जायसवाल ने नामांकन कराया तो निवर्तमान पालिका अध्यक्ष उमेश अग्रवाल की पत्नी व सपा नेता समर्थित मीना अग्रवाल व इनके अतिरिक्त ऊषा वर्मा पूर्व में ही इस सीट पर दावा कर चुकी थी। कुल मिलाकर अब तक छह प्रत्याशी इस सीट पर दावा कर चुके थे। शांति जायसवाल के नाम वापस लेने के बाद पांच प्रत्याशी ही इस सीट पर शेष बचे थे।
जिनको जिलाधिकारी कोर्ट में बनाए गए नामांकन कक्ष में प्रतीक चिह्नों का आवंटन भी कर दिया गया, जिसमें कांग्रेस की बीना सिंह को हाथ का पंजा, भाजपा की सुधा मिश्रा को कमल, ऊषा वर्मा को ईंट, मीना अग्रवाल को रेल का इंजन एवं सुमन गुप्ता को आटा चक्की प्रतीक चिह्न के रूप में आरओ द्वारा दिया गया।