कछौना। विद्युत विभाग की उदासीनता के चलते पावर हाउस में लगी मशीनें लगभग छह माह से फुंकी पड़ी हैं। इसके चलते फीडरों को सीधी विद्युत आपूर्ति की जा रही है। डायरेक्ट सप्लाई के कारण कोई दुर्घटना होने पर कोई ट्रिपिंग नहीं ली जा सकती। जिसके चलते बड़ा हादसा होने की आशंका बनी है।
लगभग पंद्रह वर्ष पूर्व से इस पावर हाउस की हालत जर्जर बनी हुई है। मशीनों की खराबी व जर्जर लाइनों के कारण आपूर्ति भी छह से आठ घंटे बमुश्किल हो पा रही है। इस संबंध में जेई राजेश कुमार गौतम ने बताया कि इन मशीनों का स्टीमेट बनाकर भेजा जा चुका है। अभी तक विभाग मशीनें उपलब्ध नहीं करा सका। साथ ही तेज हवाओं के चलते विद्युत आपूर्ति सुचारु रूप से नहीं हो पा रही है।