हाथरस। जिला प्रशासन एमएलसी और लोकसभा चुनाव की तैयारी में व्यस्त है। नकल माफिया अब बोर्ड परीक्षा में मस्त होकर नकल करा रहे हैं। परीक्षा में जिला परीक्षा समिति द्वारा तैनात किए गए सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेट भी अब चुनावी तैयारियों में अटककर रह गए हैं। शिक्षा विभाग के सचल दलों के अधिकारी भी अब यदा-कदा ही परीक्षा केंद्रों पर पहुंच रहे हैं। माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा 2 अप्रैल को खत्म होंगी। इन परीक्षाओं में परिषद की नीतियों के अनुसार नकल विहीन परीक्षा कराने की जिला परीक्षा समिति की तैयारियों पर लोकसभा और एमएलसी चुनाव का ग्रहण लग गया है, क्योंकि जिला प्रशासन के सामने लोकसभा चुनाव को निष्पक्ष एवं चुनाव आयोग के निर्देश के अनुसार निपटाना बड़ी चुनौती है। इस चुनौती से निपटने के लिए डीएम ने जिले के सभी अधिकारियों की जिम्मेदारी भी निर्धारित कर दी हैं। अत:अधिकारियों का ध्यान इन-दिनों बोर्ड परीक्षा से हटकर लोकसभा चुनाव के लिए मिली जिम्मेदारी को पूरा करने पर ही है। जिले के यह सभी आला अधिकारी लोकसभा चुनाव की तैयारियों में ही पूरी गंभीरता से जुटे हुए हैं। इसका माफिया खुलकर लाभ उठा रहे हैं। जिले के ग्रामीण क्षेत्र के परीक्षा केंद्रों पर इन-दिनों खुलकर नकल हो रही है। हालात यह हैं कि इन परीक्षा केंद्रों पर नकल कराने के लिए अब अभिभावक भी चिंता मुक्त हो गए हैं। स्थिति यह है कि अब किसी भी परीक्षा केंद्र के बाहर अभिभावक और नकल कराने वालों की भीड़ दिखाई नहीं दे रही है, क्योंकि अधिकांश ग्रामीण क्षेत्र के वित्तविहीन परीक्षा केंद्रों के संचालक ही नहीं, वित्त पोषित विद्यालयों के केंद्र व्यवस्थापक भी परीक्षा केंद्रों में जमकर इमला बोल नकल करा रहे हैं। परीक्षार्थियों को भी अब अपने प्रश्न पत्रों को हल करने में कोई कठिनाई नहीं हो रही। परीक्षा केंद्रों पर खामोशी छा गई है। परीक्षार्थी भी अब नकल से प्रश्न पत्र हल होने के कारण काफी खुश दिखाई दे रहे है।