हाथरस। निकटवर्ती कस्बा मुरसान में नगर पंचायत की पानी की टंकी में सफाई के दौरान बंदरों की सड़ी हुई लाशें निकली। इसे देखकर वहां लोग आक्रोशित हो गए। इन लोगों की की ईओ से तीखी नोकझोंक भी हुई। अब तक कस्बे के लोग दूषित पानी पी रहे थे। मामले की जानकारी मिलने पर मुरसान के थाना प्रभारी भी वहां पहुंच गए। लोगों ने इस दौरान गहरा आक्रोश जाहिर किया। बाद में जैसे-तैसे समझा बुझाकर उन्हें शांत किया गया। कस्बा मुरसान में शनिवार को नगर पंचायत की टंकी ओवरफ्लो हो गई थी तो इसमें से मांस के टुकड़े निकले थे। लोगों ने मामले की शिकायत नगर पंचायत के अधिकारियों से की थी। रविवार को नगर पंचायत के कर्मचारियों ने जब टंकी की सफाई की तो बदबू के चलते उनका बुरा हाल हो गया। इस टंकी में कई बंदरों की सड़ी गली लाशें पड़ी थीं। कुछ लाशों के कतरे भी पानी में बह रहे थे। ऊपर का जाल टूटा हुआ था। इससे स्पष्ट था कि बंदर पानी में डूबकर मरे हैं और महीनों से टंकी की सफाई नहीं हुई है। लापरवाही का आलम तो यह की यही पानी वहां के लोगों को पिलाया जा रहा था। सुबह नगर पंचायत के ईओ वहां पहुंचे तो लोगोें ने उन्हें घेर लिया। लोगों का आरोप था कि नगर पंचायत ने लंबे समय से यह तक नहीं देखा कि टंकी की सफाई हुई है या नहीं। लोगों का कहना था कि गनीमत रही कि कोई बीमार नहीं पड़ा। मौके पर हंगामा खड़ा हो गया तो ईओ ने यह कहा कि संबंधित कर्मचारी की गलती है और वह उसके खिलाफ कार्रवाई करेंगे। हंगामे की जानकारी पाकर मुरसान थाना प्रभारी भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने भी लोगों को समझाया बुझाया। बाद में इस टंकी की सफाई का काम शुरू कराया गया। उधर, टंकी की सफाई के चलते अगले 24 घंटे तक मुरसान के लोगों को पानी नहीं मिलने की उम्मीद है। लोग इसे लेकर भी परेशान हैं। उनका कहना है कि अब तक वह सड़ा हुआ पानी पी रहे थे और अब उन्हें एक-दो दिन पानी भी नहीं मिलेगा। इस पूरे घटनाक्रम से कस्बे के लोगोें में खासा आक्रोश बना हुआ है।