चंपावत। सीमांत क्षेत्र विकास कार्यक्रम (बीएडीपी)में नेपाल सीमा से सटे गांवों को रोशन करने के लिए केंद्र सरकार से 54 लाख 87 हजार रुपये की राशि मंजूर हुई है। इसमें से अब तक 49.21 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं। बताया गया है कि इस मद से नेपाल सीमा से सटे कई गांवों बिजली से रौशन हो चुके हैं।
नेपाल सीमा से सटे करीब दो दर्जन भारतीय गांवों तक बिजली पहुंचाने के लिए बिजली विभाग ने बीएडीपी मद से धन प्राप्ति का प्रस्ताव तैयार किया था। इस प्रस्ताव में मंच से तामली तक 11 केवी की वैकल्पिक लाइन बनाने के लिए 44.87 लाख रुपये बीएडीपी से मंजूर हुए। पहली किश्त के रूप में 40.24 लाख रुपये अवमुक्त हो चुके हैं। इतनी राशि खर्च भी की जा चुकी है। ठीक इसी तरह पुल्ला से डुंगरालेटी तक लाइन बिछाने के लिए दस लाख रुपये का प्रस्ताव बनाया गया था। इसमें से 8.97 लाख रुपये विभाग को मिल चुके हैं।
बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता सीएस बसनेत ने जिलाधिकारी श्रीधर बाबू को सौंपी रिपोर्ट में कहा है कि नेपाल सीमा से सटे गांवों तक बिजली पहुंचाने में अब तक 49.21 लाख रुपये की राशि खर्च की जा चुकी है। तमाम गांवों में बिजली पहुंचा दी गई है। बीएडीपी की मद से अगले चरण में फिर से कुछ गांवों का चयन किया जा रहा है। ऐसी उम्मीद है कि अगले वित्तीय वर्ष तक केंद्र सरकार इस प्रस्ताव को भी स्वीकृति दे देगी।