लोहाघाट। युवा गोलू पैट्रिक को अपने मामा की जन्मभूमि में मौत के बाद दफनाने के लिए छह फीट जमीन नसीब नहीं हो सकी। ये नौबत कब्रिस्तान पर अतिक्रमण की वजह से है। पैट्रिक (24) मामा प्रदीप टामस के यहां दिल्ली से आया हुआ था, और अचानक तबियत बिगड़ने से सोमवार शाम उसकी मौत हो गई। मृतक के पिता देर रात तक दिल्ली से यहां पहुंचेंगे और मंगलवार को गोलू को फुलवाड़ी (चंपावत) में दफनाया जाएगा।
लोहाघाट में ईसाई समुदाय का तल्ली चांदमारी टूरिस्ट हाउस के नीचे कब्रिस्तान में दफनाने की परंपरा थी। उनके कब्रिस्तान में अब पूरी तरह अतिक्रमण हो गया है। अब ईसाई समाज के सामने गोलू को दफनाने की चुनौती आ गई है। इस संबंध में ईसाई समुदाय के लोग उप जिलाधिकारी से मिले। एलेक्जेंडर, सुरेश डेविड, सुरेश सिंह आदि ने गोलू को दफनाने के लिए लोहाघाट में कब्रिस्तान के लिए जगह की मांग की।
एसडीएम परितोष वर्मा की अपील पर परिजन गोलू के शव को मंगलवार को फुलवाड़ी कब्रिस्तान में दफनाने को राजी हुए। तहसीलदार हरिराम और नायक तहसीलदार हरसिंह रजवार मृतक के परिजनों से मिले। डेढ़ वर्ष पूर्व फ्रांसिस टोमस को भी कब्रिस्तान में जगह नहीं मिलने पर अंतिम संस्कार के लिए चंपावत ले जाया गया था।