सोनभद्र : जमीन विवाद को लेकर दो पक्षों में संघर्ष, 10 लोगों की मौत, 26 घायल
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उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के घोरावल कोतवाली क्षेत्र के मूर्तिया ग्राम पंचायत में दो पक्षों में जमकर गोली, लाठी डंडे, कुल्हाड़ी, पत्थर चले। इसमें 10 लोगों की हत्या हो गई जबकि 26 लोग घायल हो गए।
जिले के कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पंचायत मूर्तिया के उभ्भा गांव में बुधवार को सौ बीघा जमीन के विवाद में गुर्जर और गोंड़ बिरादरी के लोगों के बीच खूनी संघर्ष हो गया। फायरिंग हुई और जमकर लाठी-डंडों के साथ फावड़े चले। संघर्ष में एक पक्ष के 10 लोगों की जान चली गई। 26 लोग घायल हो गए।
घायलों का उपचार सीएचसी घोरावल, जिला अस्पताल तथा बीएचयू के ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है। डीएम अंकित कुमार अग्रवाल, एडीजी बृजभूषण, डीआईजी पीयूष श्रीवास्तव और एसपी सलमान ताज पाटिल ने घटनास्थल का दौरा किया। इस नर संहार में 28 लोगों को नामजद और 50 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। मामले में अब तक 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इसमें प्रधान के दो भतीजों समेत परिवार के चार लोग शामिल हैं। मुख्य आरोपी ग्राम प्रधान यज्ञदत्त गुर्जर की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की 6 टीमें लगाई गई हैं। पुलिस के मुताबिक विवादित जमीन बिहार के एक आईएएस से जुड़ी रही है।
अस्पताल में भर्ती घायल शख्स
पुलिस के मुताबिक, उभ्भा गांव में दो पक्षों के बीच वर्षों से जमीन का विवाद चल रहा है। बुधवार को दिन में 11 बजे ग्राम प्रधान यज्ञदत्त गुर्जर और करीब दो सौ अन्य लोग 32 ट्रैक्टरों पर सवार होकर विवादित जमीन पर पहुंचे। उन्होंने खेत की जोताई शुरू करा दी।
संघर्ष में रामचंद्र(50) पुत्र लालशाह, राजेश गोंड़(28) पुत्र गोविंद, अशोक(50) पुत्र नन्हकू, रामधारी(60) पुत्र हीरा शाह, नंदलाल की पत्नी (नाम अज्ञात,45), दुर्गावती(42) पत्नी रंगीलाल, रामसुंदर(50) पुत्र तेज सिंह, जवाहिर(48) पुत्र जयकरन, सुभवंती(40) पत्नी रामनाथ, अशोक गोंड़(35) पुत्र हरिवंश की मौत हो गई।
घायल शख्स
केरवा देवी (50) पत्नी राम प्रसाद, रामधीन (35) पुत्र तेजा सिंह, विजय कुमार (20) पुत्र जय श्याम, जय प्रकाश (20) पुत्र संतलाल, नागेंद्र (26) पुत्र श्रीराम, राजिंदर (18) पुत्र राम सिंह, भगवान दास (60) पुत्र भीखम, रामलाल (60) पुत्र बौड़म, छोटेलाल (65) पुत्र चरकुट, कमलावती (50) पत्नी रामपति, रामनाथ (26) पुत्र तेजा सिंह, सीता देवी (70) पत्नी तेजा सिंह, सुखवंती (45) पत्नी संतलाल समेत 26 लोग घायल हो गए।
सूचना पर यूपी सौ नंबर पुलिस, थाने की पुलिस के साथ ही आसपास के थानों की पुलिस पहुंच गई। एसपी भी पहुंच गए। घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घोरावल और जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। एसपी सलमान ताज पाटिल ने कहा कि मूर्तिया में खेत का विवाद है।
गांव का प्रधान यज्ञदत्त गुर्जर ट्रैक्टर से लोगों को लेकर उस जमीन पर आया और खेत की जोताई करने लगा। जब खेत पर काबिज लोगों ने विरोध किया तो प्रधान और उसके सार्थियों ने उन लोगों पर हमला बोल दिया। इसमें नौ लोगों की मौके पर, जबकि एक शख्स की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई और 26 लोग घायल हो गए।
जांच के बाद ही कुछ कहेंगे : एडीजी
घोरावल के उभ्भा गांव में हुए नरसंहार के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के रिपोर्ट तलब करने के बाद से अधिकारी बिंदुवार मामले की जांच करते दिखे। एडीजी बृजभूषण ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जमीन का क्या विवाद था और कितने हेक्टेयर जमीन का मामला है। विवाद के जड़ में क्या है, इन सभी पहलुओं पर जांच कर रिपोर्ट भेजी जा रही है। इस प्रकरण में सेवानिवृत्त आईएएस का नाम आने के मामले में पूछे जाने पर कहा कि अभी वह वह मामले की जांच कर रहे हैं। जांच के बाद ही इस मामले में कुछ कह पाएंगे।
यूपी डीजीपी ओपी सिंह ने कहा कि इस मामले में 10 लोगों की मौत हो चुकी है। उन्होंने कहा कि उभ्भा गांव के प्रधान ने 2 साल पहले यह जमीन खरीदी थी, जिस पर वह सहयोगियों के साथ कब्जा करने के लिए गए थे, जब ग्रामीणों ने इसका विरोध किया तो उन पर फायरिंग कर दी। ग्राम प्रधान के भतीजों सहित 12 लोगों को अरेस्ट किया गया है।
सीएम योगी ने कार्रवाई के दिए आदेश :
सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोनभद्र में हुई घटना पर संज्ञान लेते हुए मृतकों के परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की है। साथ ही घायलों को तत्काल चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने के लिए सोनभद्र के डीएम को निर्देश दिया है। उन्होंने डीजीपी को व्यक्तिगत रूप से मामले की निगरानी करने और दोषियों को पकड़ने के लिए बहुत प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।
साथ ही सीएम योगी ने आगे निर्देश दिया है कि कमिश्नर मिर्जापुर और एडीजी जोन वाराणसी संयुक्त रूप से इस मामले की जांच करेंगे और 24 घंटे के भीतर खामियों के लिए जिम्मेदारी तय करेंगे।सीएम योगी आदित्यनाथ ने घटना के पीड़ितों को 5-5 लाख रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की है। साथ ही सोनभद्र जिलाधिकारी से गांव वालों को पट्टे क्यों नहीं दिए गए, इस पर भी रिपोर्ट देने के लिए कहा है।
आईजी एलओ प्रवीण कुमार ने बताया कि यह पीएस घोरावल ग्राम उभ्भा में सुदूर इलाके की एक घटना है। वहां के प्रधान ने 2 साल पहले 100 बीघा जमीन खरीदी थी। लेकिन वह अपने कुछ सहयोगियों के साथ जमीन पर कब्जा करने के लिए चला गया, जिसका स्थानीय ग्रामीणों ने विरोध किया और उसके बाद खूनी संघर्ष हो गया।
सोनभद्र एसपी ने बताया कि घोरावल थाना क्षेत्र के उभ्भा गांव में दो पक्षों के बीच खेत को लेकर विवाद हो गया। एक पक्ष उभा गांव का प्रधान यज्ञवत भूर्तिया है, जो अपने साथ कुछ लोगों को ट्रैक्टर में भरकर ले आया। यहां आकर वह अपने खेत को जोतने लगा और इस खेत पर ग्रामीणों ने पहले से कब्जा कर रखा था।
इसके बाद जब लोगों ने विरोध शुरू कर दिया, तो उसने अपने साथियों के साथ मिलकर ग्रामीणों पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी। तत्काल सूचना मिलने के बाद मौके पर पुलिस पहुंच गई। जहां सभी घायलों को रॉबर्ट्सगंज के अस्पताल और घोरावल के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
इस मामले पर यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव और कांगेस की महासचिव प्रियंका गांधी ने यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधा है। यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री और सपा मुखिया ने ट्वीट करते हुए कहा कि अपराधियों के आगे नतमस्तक भाजपा सरकार में एक और नरसंहार...! सोनभद्र में भूमाफियाओं द्वारा जमीन विवाद को लेकर नौ लोगों की हत्या दहशत एवं दमन का प्रतीक...! सभी मृतकों के परिवारों को 20-20 लाख रुपये मुआवजा दें...! दोषियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई करे सरकार...!
प्रियंका गांधी ने भी साधा निशाना :
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने ट्वीट किया कि भाजपा राज में अपराधियों के हौसले इतने बढ़ गए हैं कि दिनदहाड़े हत्याओं का दौर जारी है। सोनभद्र में भूमाफियाओं द्वारा तीन महिलाओें सहित नौ गोंड आदिवासियों की सरेआम हत्या ने दिल दहला दिया। प्रशासन, प्रदेश, मुखिया, मंत्री सब सो रहे हैं। क्या ऐसे बनेगा अपराध मुक्त प्रदेश...।