स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Fri, 29 May 2026 12:25 PM IST
मेसी पत्नी एंटोनेला के साथ और एंजेल डि मारिया अपने परिवार के साथ
- फोटो : Twitter/Instagram
वैश्विक फुटबॉल में क्लब फुटबॉल को सबसे ज्यादा महत्व दिया जाता है, लेकिन अपने देश के लिए फीफा विश्व कप और ओलंपिक जैसे बड़े टूर्नामेंट खेलना हर खिलाड़ी का सपना होता है। इन दोनों प्रतियोगिताओं में सफलता हासिल करना बेहद मुश्किल माना जाता है और विश्व कप ट्रॉफी के साथ ओलंपिक स्वर्ण जीतना तो और भी दुर्लभ उपलब्धि है।
96 साल में सिर्फ 15 खिलाड़ी बना सके इतिहास
साल 1930 में पहले फीफा विश्व कप का आयोजन हुआ था। तब से अब तक अनुमानित तौर पर 7,016 फुटबॉलर विश्व कप में कम से कम एक मुकाबला खेल चुके हैं। हालांकि, इनमें से सिर्फ 15 खिलाड़ी ही ऐसे रहे हैं, जिन्होंने फीफा विश्व कप जीतने के साथ ओलंपिक में स्वर्ण पदक भी अपने नाम किया है। यह अनोखा रिकॉर्ड सिर्फ तीन देशों के खिलाड़ियों के नाम दर्ज है। इनमें अर्जेंटीना, इटली और उरुग्वे शामिल हैं।
पिछले 81 साल में सिर्फ मेसी और डि मारिया
इस सूची में सबसे खास नाम लियोनल मेसी और एंजेल डि मारिया का है। दोनों खिलाड़ियों ने अर्जेंटीना को 2022 फीफा विश्व कप जिताया था और इससे पहले 2008 बीजिंग ओलंपिक में स्वर्ण पदक भी जीता था। दूसरे विश्व युद्ध के बाद पिछले 81 साल में यह उपलब्धि हासिल करने वाले यही दो खिलाड़ी हैं।
इटली और उरुग्वे के खिलाड़ियों ने भी बनाया रिकॉर्ड
इटली के सर्गियो बर्तोनी, अल्फ्रेडो फोनी, उगो लोकातेली और पिएत्रो रावा ने 1936 बर्लिन ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने के बाद 1938 फीफा विश्व कप भी अपने नाम किया था। वहीं उरुग्वे के नौ खिलाड़ियों ने 1924 और 1928 ओलंपिक में गोल्ड जीतने के बाद 1930 में पहला फीफा विश्व कप भी जीता था। इनमें जोस लियांद्रो आंद्रादे, हेक्टर कास्त्रो, पेड्रो सिए और हेक्टर स्कारोन जैसे नाम शामिल हैं।
2026 विश्व कप पर रहेंगी नजरें
अब फीफा विश्व कप 2026 अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको की मेजबानी में 11 जून से 19 जुलाई तक खेला जाएगा। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या कोई और खिलाड़ी इस खास सूची में अपनी जगह बना पाता है या नहीं।
कौन-कौन जीता है विश्वकप ट्रॉफी के साथ ओलंपिक स्वर्ण
- अर्जेंटीना के खिलाड़ी : एंजेल डि मारिया और लियोनल मेसी, विश्वकप चैंपियन (कतर, 2022), ओलंपिक स्वर्ण (बीजिंग, 2008)
- इटली के खिलाड़ी : सर्गियो बर्तोनी, अल्फ्रेडो फोनी, उगो लोकातेली और पिएत्रो रावा, विश्वकप चैंपियन (फ्रांस, 1938), ओलंपिक स्वर्ण (बर्लिन, 1936)
- उरुग्वे के खिलाड़ी : जोस लियांद्रो आंद्रादे, हेक्टर कास्त्रो, पेड्रो सिए, लोरेंजो फर्नांडीज, अल्वारो गेस्तिदो, जोस नासाजी, पेड्रो पेट्रोन, हेक्टर स्कारोन, सांतोस उरदिनारन, विश्वकप चैंपियन (उरुग्वे, 1930), ओलंपिक स्वर्ण- (पेरिस, 2008 और एम्सटर्डम, 1928)