बस्ती/दुबौलिया। भाजपा ने जिला प्रशासन और सरकार के खिलाफ प्रदर्शन की पूरी तैयारी कर ली है। जिले भर में 10 नवंबर को जिला मुख्यालय पर होने वाले आंदोलन की तैयारियां चल रही हैं। बृहस्पतिवार को सांसद हरीश द्विवेदी ने दिन भर बैठकें कीं। सदर विधानसभा कार्यकर्ताओं की बैठक में उन्होंने कहा कि भाजपा अब भ्रष्टाचार के खिलाफ दो-दो हाथ करने को तैयार है। सांसद ने कहा कि जनता भ्रष्टाचार से तंग आ चुकी है। यूपी में सपा के सरकार के रहते इसके खत्म होने में संदेह है। उन्होंने बताया कि लोगों ने भ्रष्टाचार व खराब कानून व्यवस्था के खिलाफ लड़ने का मन बना लिया है।
वहीं दुबौलिया में भाजपा कार्यकर्ताओं की बैठक विवेकानंद इंटर कॉलेज में हुई। इसमें 10 नवंबर को जिला मुख्यालय पर भ्रष्टाचार एवं जन विरोधी नीतियों के खिलाफ धरना प्रदर्शन को लेकर चर्चा हुई। सांसद ने कहा कि प्रदेश सरकार को जनता की समस्याओं से कोई मतलब नहीं है। सरकार निरंकु श हो चुकी है। हम लोगों को जनता की समस्या को लेकर आवाज उठानी होगी। तभी लोगों को भ्रष्टाचार और जन समस्याओं से निजात मिलेगी। जिलाध्यक्ष दयाशंकर मिश्र ने कहा कि दस नवंबर को भाजपा प्रदेश सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ प्रदर्शन करेगी। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन ऐतिहासिक तो होगा ही, नई इबारत भी लिखेगा। जिला मंत्री सुरेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता जिले पर होने वाले प्रदर्शन को लेकर अभी से ही तैयारी शुरू कर दें। जिससे धरने को सफल बनाया जा सके। इसमें कार्यकर्ता घर-घर पहुंच कर पार्टी के होने वाले कार्यक्रम के बारे में जानकारी दें। बैठक में स्थानीय मंडल अध्यक्ष अवधेश अग्रहरि, अभिनव उपाध्याय, विवेकानंद, संतोष पांडेय, दिनेश धर द्विवेदी, पप्पू, विनोद पाठक आदि मौजूद रहे।
प्रशासनिक अक्षमता के खिलाफ होगा प्रदर्शन
बस्ती। दस नवंबर को जिला मुख्यालय पर भाजपा की ओर से प्रदेश सरकार की जनविरोधी नीतियों, प्रशासनिक भ्रष्टाचार, पुलिस उत्पीड़न आदि मुद्दों को लेकर आयोजित धरना प्रदर्शन ऐतिहासिक होगा। भाजपा के वरिष्ठ नेता सीए चंद्र प्रकाश शुक्ल ने कहा कि सपा सरकार में लोकतंत्र का हनन हो रहा है। पुलिस प्रशासन पूरी तरह सत्ता पक्ष के एजेंट के रूप में कार्य कर रहा है। अपराध तथा भ्रष्टाचार बढ़ रहे हैं। चीनी मिलों के चालू न किए जाने से किसान परेशान है। प्रमुख सड़कों के निर्माण के लिये आया धन निर्माण होने से पहले ही बंदरबांट कर लिया जा रहा है। जो निर्माण कार्य कराए गए, वह पूरी तरह गुणवत्ता के विपरीत हैं। बिल अदा करने के बाद भी उपभोक्ताओं को निर्धारित अवधि के अनुसार विद्युत आपूर्ति नहीं हो रही है। चिकित्सालयों में विशेषज्ञ चिकित्सकों और जीवन रक्षक दवाओं का अभाव है। जनहित के तमाम ज्वलंत मुद्दों को लेकर 10 नवंबर को जिला मुख्यालय पर आयोजित धरना ऐतिहासिक होगा।