मेरठ। लिसाड़ी रोड मार्ग के आसपास का पूरा क्षेत्र ही समस्याओं से ग्रस्त है। जलभराव यहां सबसे बड़ी मुसीबत बना हुआ है। शहर के अन्य क्षेत्र भी ऐसी ही समस्याओं से जूझ रहे हैं, लेकिन नगर निगम कुछ नहीं कर रहा है।
लिसाड़ी रोड पर तारापुरी के पास यूं तो रोजाना ही जलभराव रहता है, लेकिन पिछले तीन दिनों से यहां एक फुट तक पानी भरा है। इस कारण लोगों को आने-जाने में भारी परेशानी हो रही है। तारापुरी में ही मदीना कालोनी की गली नंबर चार में जलभराव है। वहीं इंद्रानगर ब्रह्मपुरी में नंदी चौक से आगे कई माह से जलभराव और कीचड़ पसरा है, लेकिन नगर निगम कोई ध्यान नहीं दे रहा है।
इसके अलावा तारापुरी में ही मस्जिद वाली गली में छह साल से हैंडपंप खराब है। इस कारण नमाजियों को परेशानी होती है। वहीं शारदा रोड पर दिल्ली चुंगी से कनोहर लाल स्कूल तक नाले की सफाई न होने से पानी सड़क पर बह रहा है।
दिल्ली गेट चौराहे से बागपत तिराहे तक का मार्ग पाइप लाइन बिछाने से टूट गया था, लेकिन छह माह बाद भी इसका निर्माण नहीं हुआ है। जलभराव और कीचड़ से व्यापारी परेशान हैं।
अजंता कालोनी निवासी चंद्रकांता ने बताया कि दामोदर कालोनी जाने वाली सड़क पर सीवर के मेन होल खुले हुए हैं, सड़क टूटी हुई है। रात में लोग मेन होल में गिरने से घायल हो रहे हैं। सड़क पर पूरा दिन धूल उड़ती रहती है।
पैसा स्वीकृत, लेकिन नहीं बन पा रही सड़क
मेरठ। पैसा स्वीकृत होने के बावजूद 13 सड़कें नहीं बन पा रही हैं। लोगों से शिकायतें मिलने के बाद मुख्य विकास अधिकारी आरके सिंह ने प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता को पत्र लिखा है। इसमें सड़कों का पैसा निर्माण खंड एक को जारी करने के लिए कहा गया है। रालोद नेता डॉ. राजकुमार सांगवान ने जर्जर सड़कों का मसला उठाया था। जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी को भेजे पत्र में उन्होंने मेरठ-करनाल मार्ग पर नानू गंगनहर से गोटका तक, रोहटा रोड से बाडम मार्ग, रासना से नारंगपुर मार्ग, अरनावली से घसौली मार्ग, सिवालखास से महपा मार्ग, घसौली से दिलावरा मार्ग, मेरठ रोड से सलाहपुर मार्ग, हर्रा से खेड़ी मार्ग की बदहाल स्थिति की जानकारी दी थी।