मेरठ। आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और दिल्ली के पूर्व शिक्षा मंत्री मनीष सिसौदिया का कहना है कि देश में शिक्षा है, लेकिन मंत्रालय नहीं है। मानव संसाधन मंत्रालय मानव को संसाधन बनाने का काम कर रहा है। उन्होंने कहा शिक्षा में बदलाव की जरूरत है। अपराध में छात्रों के शामिल होने के मामले शिक्षा पर सवाल खड़ा कर रहे हैं। इस पर सरकार और शासन को शिक्षण संस्थानों की जवाबदेही तय करनी चाहिए।
मनीष सिसौदिया युवा संघर्ष समिति के कार्यक्रम में युवा प्रतिभा का सम्मान करने आए थे। सीसीएसयू के बृहस्पति भवन में उन्होंने छात्रों और राजनीति में सक्रिय लोगों का सम्मान किया। उन्होंने युवाओं से कहा कि वह कर्मठ और सहनशील बनें। भ्रष्टाचार से लड़ना है तो राजनीति में दखल देना होगा। आम आदमी पार्टी से जुड़ने और दिल्ली में आकर विधानसभा चुनाव में सहयोग करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि नौकरी नहीं मिलने की वजह भ्रष्टाचार है। चाहे जो काम करें लेकिन राजनीति को साफ करने के लिए भी योगदान दें। कार्यक्रम की अध्यक्षता विवि के प्रतिकुलपति प्रो. एचएस सिंह, संचालन हेमंत सिंह ने किया। इस दौरान जगदीश तेवतिया, डीपी सिंह, मेजर हिमांशु, गजेंद्र सिंह और केपी सिंह मौजूद रहे।
इनका किया सम्मान
शिक्षक, समाजसेवक, मेधावी छात्र और राजनीति में सक्रिय लोगों का सम्मान किया गया। पंकज त्रिवेदी, प्रवीण शर्मा, आशू त्यागी, वर्तिका द्विवेदी, ब्रहमेश्वर कुमार, सोनू कुमार, सुदीप कश्यप, भारती सोम, डॉ. स्नेहवीर पुंडीर, डॉ. रूपेश वर्मा, राहुल त्यागी, टीपी सिंह, मनीष सिंह और मनु अग्रवाल का सम्मान किया।