मेरठ। सीसीएसयू में शुक्रवार को लॉ की बोओएस (बोर्ड ऑफ स्टडीज) बैठक का कंवीनर ने बहिष्कार किया। बैठक में लॉ के दो महत्वपूर्ण विषयों का सिलेबस तय होना था। बैठक में एजेंडे को लेकर खास बात नहीं हुई। कंवीनर ने लिखित रूप से बैठक का बहिष्कार करने की सूचना विवि को दी थी। उनका कहना है कि बीओएस के कई मेंबर नियम मुताबिक नहीं बनाए हैं।
बीबीए एलएलबी और बीकॉम एलएलबी कोर्स शुरू करने के लिए एकेडमिक काउंसिल और एक्जीक्यूटिव काउंसिल मंजूरी दे चुकी है। बोओएस को सिलेबस तैयार करना है। इसके लिए शुक्रवार को बैठक बुलाई गई थी। बीओएस के कंवीनर डॉ. सत्यप्रकाश गर्ग ने बीओएस का बहिष्कार करने की सूचना विवि को लिखित में पहले ही दे दी थी। बावजूद इसके बैठक बुलाई गई। कंवीनर का कहना है कि बीओएस में कई सदस्य नियम के खिलाफ बनाए गए हैं, इसलिए बीओएस पर ही सवाल खड़े हैं। डॉ. सत्यप्रकाश का कहना है पहले बीओएस का गठन सही तरह से किया जाए। उसके बाद बैठक कर सिलेबस तय किया जाए। फिलहाल सिलेबस तैयार करने का काम लटक गया है।
सेमेस्टर सिस्टम को कोर्ट में चुनौती
सीसीएसयू ने मेरठ और सहारनपुर मंडल के कॉलेजों में एलएलबी में सेमेस्टर सिस्टम लागू कर दिया है। इसके खिलाफ मुजफ्फरनगर डीएवी कॉलेज के छात्र हाईकोर्ट चले गए हैं। शुक्रवार को मामले में सुनवाई थी। सोमवार को भी सुनवाई होगी। सूत्रों के मुताबिक छात्र इस आधार के साथ कोर्ट गए हैं कि विवि ने उन्हें इसकी सूचना एडमिशन से पहले नहीं दी थी। अचानक सेमेस्टर सिस्टम की तैयारी करने में उन्हें दिक्कत हो रही है।