नई दिल्ली। वसंत विहार गैंगरेप की वारदात के दौरान लापरवाही बरतने वाले सात पुलिसकर्मियों के खिलाफ सरकार ने विभागीय जांच शुरू कर दी है। यह जानकारी बृहस्पतिवार को केंद्र सरकार ने हाईकोर्ट को दी।
दिल्ली हाईकोर्ट में केंद्र सरकार ने बताया कि जिन पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू की गई है, इनमें पीसीआर वैन पर तैनात पुलिसकर्मी शामिल हैं। वारदात में इस्तेमाल बस जिन इलाकों से गुजरी, ये पुलिसकर्मी उसी इलाके में पीसीआर वैन पर तैनात थे।
मुख्य न्यायाधीश डी मुरुगेसन और न्यायमूर्ति जयंत नाथ की खंडपीठ के समक्ष पेश एडिशनल सॉलीसीटर जनरल राजीव मेहरा ने बताया मामले में सात पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू हो चुकी है। इनमें 16 दिसंबर 2012 को पीसीआर वैन पर तैनात पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। एएसजी मेहरा ने पीठ के समक्ष कहा कि इस बारे में दिल्ली पुलिस आयुक्त को भी सूचना दे दी गई है। राजधानी में महिलाओं की सुरक्षा पर विचार के लिए बनाई गई जस्टिस उषा मेहरा कमेटी की सिफारिशों पर अमल के लिए केंद्र सरकार ने कुछ समय मांगा है।
गौरतलब है कि अदालत ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को शपथ पत्र देकर उन पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का ब्योरा देने के लिए कहा था जो कि उस दिन उस इलाके में पीसीआर वैन पर तैनात थे। इसके अलावा दिल्ली पुलिस ने खंडपीठ के समक्ष कहा कि महिलाओं के प्रति अपराध और उनके प्रति संवेदनशील बनाने के विषय पर जवानों और अधिकारियों को प्रशिक्षण देना शुरू कर दिया है। वर्ष 2013 का पुलिस कैलेंडर पेश कर बताया कि यह प्रशिक्षण कब और कैसे दिया जाएगा।