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बच्चों को पता ही नहीं शिक्षक क्यों हड़ताल पर

Pithoragarh Updated Sat, 27 Sep 2014 05:34 AM IST
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पिथौरागढ़। राजकीय शिक्षक हड़ताल पर हैं। विद्यालयों में पढ़ाई बंद है। कुछ बच्चे विद्यालय पहुंच तो रहे हैं, लेकिन थोड़ी देर तफरीह करने के बाद घरों को लौट जाते हैं। विद्यालयों में सिर्फ प्रधानाचार्य, लिपिक, चतुर्थ श्रेणी का स्टाफ ही काम कर रहा है, लेकिन जब पढ़ाई ही नहीं हो रही है तो काम भी क्या होगा।
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केएनयू राजकीय इंटर कालेज पिथौरागढ़ में बुधवार की सुबह 11 बजे का नजारा अजीब था। कक्षा कक्षों के दरवाजे बंद थे। शिक्षकों का एक जत्था विद्यालय प्रांगण में ही धरने पर बैठा था। बच्चे मैदान की सफाई कर रहे थे। प्रधानाचार्य डा. हरीश बोहरा ने जो बच्चे विद्यालय पहुंच गए थे उनको थोड़ी देर रोके रखने के लिए यह कोशिश की थी। बच्चों को तो बस यही मजा आ रहा है कि इन दिनों क्लास में बैठना नहीं पड़ रहा है। घर से खाना खाकर थोड़ी देर स्कूल आ गए फिर घरों को निकल लिए।
जिला मुख्यालय के देवसिंह राजकीय इंटर कालेज में भी यही स्थिति है। बच्चे स्कूल तो आ रहे हैं, लेकिन पढ़ाई नहीं हो रही है। प्रधानाचार्य डा. एके पंत बच्चों को रोके रखने के लिए कुछ न कुछ शिक्षणेत्तर गतिविधियों को चलाते रहते हैं। हड़ताल कितनी लंबी चलेगी कहा नहीं जा सकता। पढ़ाई पर रोजाना असर पड़ रहा है।
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