झगड़े के मामले में एकतरफा कार्रवाई का आरोप
बागपत। माता कॉलोनी में शनिवार शाम दो पक्षों में हुई खूनी संघर्ष के मामले में पुलिस पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाते हुए सैकड़ों लोगों ने रविवार को हंगामा किया। ये लोग पहले एसपी ऑफिस पहुंचे। इसके बाद पुलिस पर बरसते हुए कोतवाली पहुंच गए। इन लोगों ने पुलिस पर दूसरे पक्ष के इशारों पर नाचने का आरोप लगाया है।
माता कॉलोनी में शनिवार शाम बिजेंद्र और जयकुमार पक्ष में पैसों के लेनदेन को लेकर संघर्ष हो गया था। दोनों ओर से छह लोग घायल हुए थे। इसके बाद दोनों ही पक्षों ने एक दूसरे के खिलाफ कोतवाली पर तहरीर दी थी। बिजेंद्र पक्ष के लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने दूसरे पक्ष के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। उनका कहना है कि पुलिस विपक्षियों से मिली हुई है। रविवार को सैकड़ों लोगों ने एसपी दफ्तर पर पहुंचकर पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया। लेकिन वहां पर एसपी और एएसपी न होने के कारण उनकी मुलाकात नहीं हो पाई।
इस दौरान इन लोगों की पुलिस से जमकर नोकझोंक हुई। बाद में लोग कोतवाली पुलिस पहुंचे। लोगों ने वहां पर भी जमकर हंगामा किया। कोतवाली प्रभारी आरके सिंह यादव लोगों को निष्पक्ष कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इस पर ये लोग शांत हुए। प्रदर्शन करने वालों में रेखा, बिमलेश, अनिता, बाला, रोशनी, सुरेश, नरेंद्र, सुंदर, बिरेंद्र, हरपाल, मुकेश मौजूद थे।
इस संबंध में एसओ आरके सिंह यादव का कहना है कि दोनो पक्षों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। पुलिस पर लगाए गए आरोप निराधार हैं।
अल्टीमेटम के बाद भी नहीं हुआ खुलासा
बागपत। गौरीपुर-मीतली गांव में रिटायर्ड आयकर अधिकारी तरस कुमार के घर डकैती और उनकी पत्नी की हत्या के मामले का खुलासा नहीं हो पाया। बसपा ने चेतावनी दी कि अगर दो दिन में वारदात का रहस्य नहीं खुला तो आंदोलन किया जाएगा। इसका पहला दिन रविवार को बीत गया। पुलिस अभी तक छह लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर चुकी है, लेकिन किसी तरह का सुराग नहीं मिला है।
इस घटना को लेकर गांव में हुई पंचायत ं चेतावनी दी गई थी कि एक दिसंबर को पुलिस के खिलाफ कैंडल मार्च निकाला जाएगा। तब पुलिस ने गांव के ही दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी थी। इससे लगा कि शायद खुलासा हो जाए। इसी के चलते कैंडल मार्च का फैसला टाल दिया गया, लेकिन पुलिस को जरा भी कामयाबी नहीं मिल पाई। इसके बाद शनिवार को बसपा विधायक लोकेश दीक्षित और भाकियू जिलाध्यक्ष प्रताप गुर्जर ने अल्टीमटेम दिया कि अगर दो दिन में खुलासा नहीं हुआ तो हंगामा प्रदर्शन किया जाएगा।
आज यह अल्टीमेटम पूरा हो जाएगा। बदमाश पकडे़ जाने की संभावना तो बन नहीं रही। देखना ये है कि अल्टीमेटम देने वालों का अगला कदम क्या होता है?
हाईवे केस में एसओजी को लगाया
बागपत। दिल्ली के डाक्टर परिवार से हाईवे पर लाखों की लूटपाट के मामले के खुलासे के लिए बागपत थाना पुलिस के साथ एसओजी की टीम को भी लगाया गया है। एसओजी ने बदमाशों के हुलिए के आधार पर पांच छह लोगों से पूछताछ भी की है, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
पुलिस के सामने भाग गए बदमाश
बागपत। बदमाश पैदल ही पुलिस वालों की आंखों के सामने से फरार हो गए। पुलिस पीछा करके भी उन्हें पकड़ नहीं पाई। वाकया गौरीपुर मोड़ का है, जहां गाजियाबाद के मसूरी से ट्रक लूटकर भाग रहा गिरोह अचानक पुलिस के सामने आ गया। लुटेरे ट्रक से कूदकर भाग निकले। पुलिस को ट्रक में 49 हजार रुपये रखे मिले।
लूट की यह वारदात शुक्रवार की रात मसूरी में हुई थी। ट्रक को हरियाणा के मेवात का जुनैद चला रहा था। उसके साथ हरियाणा के ही सोना गांव का क्लीनर इकबाल भी था। इन दोनों से बदमाशों ने ट्रक लूट लिया था। चालक को बंधक बनाकर गढ़मुक्तेश्वर के पास फेंक दिया था।
ट्रक लुटेरों का गिरोह ट्रक लेकर शनिवार देर रात बागपत के गौरीपुर मोड़ पर पहुंचा। वहां पुलिस चेकिंग कर रही थी। पुलिस को देखकर बदमाश ट्रक से कूदकर भाग गए। पुलिस वाले पीछे भी भागे लेकिन लुटेरे हाथ नहीं आए। बागपत थाना के एसओ आरके सिंह यादव ने बताया कि ट्रक पर लिखे नंबर से ट्रक मालिक का पता लगाकर उसे बरामदगी की जानकारी दी गई।
एटीएम से तीस हजार रुपये गायब
चालक जुनैद ने बताया कि उसके पास ट्रक मालिक का एटीएम था। बदमाशों ने उससे मोबाइल और एटीएम लूट लिए थे। बदमाशों ने एटीएम से शनिवार को साढ़े 12 बजे तीस हजार रुपये निकाल लिए। जुनैद का कहना है कि बदमाशों ने अग्रवाल मंडी टटीरी के एटीएम से रुपये निकाले हैं। उधर, पुलिस आज बैंक खुलने पर यह मालूम करेगी कि एटीएम में सीसी कैमरे लगे हैं या नहीं। अगर कैमरे हुए तो बदमाश का पता चल सकता है।